पास बचता नहीं जब कोई रास्ता

लोग चुनते हैं तब आख़िरी रास्ता

रात दिन काम कर के बनाते हैं लोग
मुफ़्त मिलता नहीं मख़मली रास्ता

बे-वफ़ाई की जानिब मैं कैसे चलूँ
ये है मेरे लिए अजनबी रास्ता

ऐसा बिल्कुल नहीं है कि मिलता नहीं
खोजता ही नहीं आलसी रास्ता

— SAAGAR SINGH RAJPUT

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