सहता रहा हमेशा हर ग़म ख़ुशी ख़ुशीमुझ को मिरे पिता सा कोई मिला नहींहर दर्द बिन शिकायत माँ सह गई मिरीलेकिन कभी किसी से कुछ भी कहा नहीं— SAAGAR SINGH RAJPUT