तुम इश्क़ छोड़ो वो तो बात भी नहीं करता
चराग़ ऐसा है जो रौशनी नहीं करता
कुछ एक दर्द फ़क़त औरतों के हिस्से हैं
कुछ एक काम है जो आदमी नहीं करता
फ़लक से चाँद सितारे नहीं गिरा सकता
मैं इश्क़ करता हूँ जादूगरी नहीं करता
— Kushal Dauneria
चराग़ ऐसा है जो रौशनी नहीं करता
कुछ एक दर्द फ़क़त औरतों के हिस्से हैं
कुछ एक काम है जो आदमी नहीं करता
फ़लक से चाँद सितारे नहीं गिरा सकता
मैं इश्क़ करता हूँ जादूगरी नहीं करता
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