ख़्वाब आरास्ता करे कोई
रात को ख़ुशनुमा करे कोई
देख ले ख़ुद को बहते पानी में
धूप को आईना करे कोई
रोज़ ग़ैरों से मिलने आता है
हम से भी मिल लिया करे कोई
तेरी दुनिया में दिल नहीं लगता
तेरी दुनिया में क्या करे कोई
— Tajdeed Qaiser
रात को ख़ुशनुमा करे कोई
देख ले ख़ुद को बहते पानी में
धूप को आईना करे कोई
रोज़ ग़ैरों से मिलने आता है
हम से भी मिल लिया करे कोई
तेरी दुनिया में दिल नहीं लगता
तेरी दुनिया में क्या करे कोई
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