उस से मुहब्बत

झीलें क्या हैं?
उस की आँखें

उम्दा क्या है?
उस का चेहरा

ख़ुश्बू क्या है?
उस की साँसें

ख़ुशियाँ क्या हैं?
उस का होना

तो ग़म क्या है?
उस से जुदाई

सावन क्या है?
उस का रोना

सर्दी क्या है?
उस की उदासी

गर्मी क्या है?
उस का ग़ुस्सा

और बहारें?
उस का हँसना

मीठा क्या है?
उस की बातें

कड़वा क्या है?
मेरी बातें

क्या पढ़ना है?
उस का लिक्खा

क्या सुनना है?
उस की ग़ज़लें

लब की ख़्वाहिश?
उस का माथा

ज़ख़्म की ख़्वाहिश?
उस का छूना

दुनिया क्या है?
इक जंगल है

और तुम क्या हो?
पेड़ समझ लो

और वो क्या है?
इक राही है

क्या सोचा है?
उस से मुहब्बत

क्या करते हो?
उस से मुहब्बत

मतलब पेशा?
उस से मुहब्बत

इस के अलावा?
उस से मुहब्बत

उस से मुहब्बत........

— Varun Anand

More by Varun Anand

Other nazm from the same pen

See all from Varun Anand →

Hijr Shayari Collection

Shers of hijr shayari collection.

All Hijr Shayari Collection poetry →

Similar writers

Voices in the same orbit

Browse by mood

Poetry by feeling