क्या तेरे बा'द मैं दुनिया देखूँ
या तू कह दे कोई तुझ सेा देखूँ
अब नहीं हाथ तू आने वाला
अब मैं तस्वीर तेरी क्या देखूँ
मैं उसे घर नहीं दिलवा पाया
उस की चाहत थी कि दुनिया देखूँ
लोग कहते हैं बड़ी है दुनिया
फिर किसी शख़्स को तन्हा देखूँ
तू ने बोला कि वफ़ादार हूँ मैं
आज़माऊँ तुझे अच्छा देखूँ
— Atul Kumar















