बिना पर का परिंदा कर रहे हैं
मुझे ये ख़्वाब अंधे कर रहे हैं
बिठाकर हर दफ़ा पिछली सफ़ों में
मुझे ये लोग ज़ाया' कर रहे हैं
फ़क़त कुछ झूठे वादे ख़र्च कर के
बहुत से दिल का धंधा कर रहे हैं
सभी ने एक अफ़साना पढ़ा है
तेरी जो जो तमन्ना कर रहे हैं
लगाऍंगे दवा जल्दी भी क्या है
अभी तो ज़ख़्म गहरा कर रहे हैं
ख़ुदा उन के भी कपड़े साफ़ रक्खे
मेरा दामन जो मैला कर रहे हैं
अभी एक नूर उतरेगा यहाँ पर
अभी सरवर अँधेरा कर रहे हैं
मोहब्बत करने की हिम्मत नहीं है
मगर हम इस्तिख़ारा कर रहे हैं
किए थे हम ने तुम से जितने वादे
वो सब तोड़ेंगे वा'दा कर रहे हैं
हिफ़ाज़त के लिए रहते हैं पीछे
उसे लगता है पीछा कर रहे हैं
नहीं है कारख़ाने में कोई ग़म
मगर हम शे'र पैदा कर रहे हैं
वहाँ ऊँचाई पे सब बँट चुका है
ज़मीं पे लोग झगड़ा कर रहे हैं
छुपा रक्खा है दिल में नाम उस का
मोहब्बत में तक़य्या कर रहे हैं















