तुम ख़ुश हो तो ख़ुश रहना सीखो
जो कहना है वो कहना सीखो
धारा के साथी सब होते हैं
तुम धारा से अलग बहना सीखो
अजल से सहती आई है औरत
अब तुम बिल्कुल मत सहना सीखो
औरत दुनिया का गहना है, तो
कहना गहने को गहना सीखो
बस हसरत मंजिल की रखना अब
मुश्किल में मत तुम ढहना सीखो
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