किसी को आज़माना हो तो सच कह दो
किसी का दिल दुखाना हो तो सच कह दो
किसी से दूर जाने का अगर तुम पर
जो नइँ कोई बहाना हो तो सच कह दो
ज़माने भर से उक्ता कर अगर तुम को
कहीं पे दिल लगाना हो तो सच कह दो
किसी पामाल रस्ते पर जो टकराए
कोई साथी पुराना हो तो सच कह दो
किसी दिन आइने में देख कर ख़ुद को
तुम्हें कुछ भी बताना हो तो सच कह दो
— Abhinav Srivastav















