सजते हो तो अच्छे लगते हो
मिलते हो तो अच्छे लगते हो
कितनी अच्छी बातें तुम पे हैं
करते हो तो अच्छे लगते हो
दिल में ख़ंजर ले कर आ जाओ
चुभते हो तो अच्छे लगते हो
फिर से मुझ को पागल कह भी दो
कहते हो तो अच्छे लगते हो
मेरे ज़ख़्मों पर भी हँस दो तुम
हँसते हो तो अच्छे लगते हो
सुन लो मेरे मन की बातें भी
सुनते हो तो अच्छे लगते हो
मुझ को देखो आहें भर भी लो
भरते हो तो अच्छे लगते हो
— Abhinav Srivastav















