ख़्वाब नहीं वो आने दूँगा
जिस
में तुम को जाने दूँगा
बड़े दिनों के बा'द मिले हो
ऐसे कैसे जाने दूँगा
सब को प्यार मुहब्बत वाले
गली गली अफ़साने दूँगा
तुम को इतनी आसानी से
क्या लगता है जाने दूँगा
बा'द तुम्हारे इस जीवन में
और न कोई आने दूँगा
मुझ को छोड़ के जाने वाला
आया अगर तो ता'ने दूँगा
चाहे अब जो भी हो जाए
उस को अब न सताने दूँगा
— Ambar















