रोना था सो हँसी मार दी
पानी ने ख़ुद नमी मार दी
मर गए लोग कुछ मौत से
कुछ को तो ज़िंदगी मार दी
उम्र भर वेट करते तिरा
हम को बस ये घड़ी मार दी
हम नहीं मरते बीमारी से
बस दवा की कमी मार दी
इतना जीवन अँधेरे में था
हम को इक रौशनी मार दी
— Amit Kumar
पानी ने ख़ुद नमी मार दी
मर गए लोग कुछ मौत से
कुछ को तो ज़िंदगी मार दी
उम्र भर वेट करते तिरा
हम को बस ये घड़ी मार दी
हम नहीं मरते बीमारी से
बस दवा की कमी मार दी
इतना जीवन अँधेरे में था
हम को इक रौशनी मार दी
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