"वो आँसू जो तेरे क़दम पे गिराए"
वो आँसू जो तेरे क़दम पे गिराए
थे पूजा में अर्पण तुझी को चढ़ाए
वो आँसू जो तेरे क़दम पे गिराए
थे पूजा में अर्पण तुझी को चढ़ाए
मैं बेबस नहीं हूँ मुझे ये पता है
तिरे आगे कमज़ोर दिल बन ये जाए
मोहब्बत को तरसा हूँ मैं ज़िन्दगी में
कहानी भरी दुख की कैसे सुनाए
मैं जीकर भी जीवन में हर पल मरा हूँ
मिरी लाश को कोई कैसे जिलाए
सुकूँ से भरा कोई दिन गर मिले तो
तिरा साथ हो और दुनिया भुलाए
तुझे पूजना चाहता है मिरा दिल
बुझे दिल से 'अर्जुन' दिया क्या जलाए
वो आँसू जो तेरे क़दम पे गिराए
थे पूजा में अर्पण तुझी को चढ़ाए
— arjun chamoli















