दिखा वो साथ जब जब मुझ को ग़ैरों केये मानो जान मेरी हर दफ़ा निकलीमैं क्या ही दोष देता मौत को यारोकि मेरी साँस ही जब बे-वफ़ा निकली— Bhuwan Singh