बुरा मनाया था हर आहट हर सरगोशी कासोचो कितना ध्यान रखा उस ने ख़ामोशी कातुम इस का नुक़सान बताती अच्छी लगती होवरना हम को शौक़ नहीं है सिगरेट-नोशी का— Khurram Afaq