ख़ुदाई न करना दुहाई न करना
हमारे लिए अब सफ़ाई न करना
जो तुम ने किया है वो सब जानता हूँ
क़सम खा के भी बे-वफ़ाई न करना
सुलगते हैं अब तक वो लम्हे हमारे
इन आँखों में झूटी नुमाई न करना
अगर फिर से मिलना हो तक़दीर में भी
तबीअत से आना रिवाई न करना
— Nit
हमारे लिए अब सफ़ाई न करना
जो तुम ने किया है वो सब जानता हूँ
क़सम खा के भी बे-वफ़ाई न करना
सुलगते हैं अब तक वो लम्हे हमारे
इन आँखों में झूटी नुमाई न करना
अगर फिर से मिलना हो तक़दीर में भी
तबीअत से आना रिवाई न करना
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