वोबातेंइश्क़कहताथाकिसाराघरमहकताथा
मिरामहबूबजैसेगुलथाऔरबुलबुलचहकताथा
सफ़रमेंशामहोजातीतोदिलमेंशमएँजलउठतीं
लहूमेंफूलखिलजातेजहाँग़ुंचाचटकताथा
कभीमैंसर्वकीसूरतनज़रआताथायारोंको
कभीग़ुंचेकीसूरतअपनेहीदिलमेंधड़कताथा
ख़ुदाजानेमैंउसकेसाथरहताथाकिआईना
मिरेपर्देमेंअपने-आपकोहैरतसेतकताथा
ख़ुदाजानेवोकैसाआदमीथाजिसकेमाथेपर
कोईबिंदियालगाताथातोइकजुगनूचमकताथा
कभीरहताथाउसकेसाथमैंउसकेगरेबाँमें
कभीफ़ुर्क़तमेंअपनेआइनेपरसरपटकताथा
अँधेरीरातजबसावनमेंआतीथीतोइकबुलबुल
ख़ुदाजानेकहाँसेआकेमेरेघरचहकताथा