जो अपनी मोहब्बत से नहीं पाए मोहब्बतवो ज़िन्दगी भर कहता रहे हाए मोहब्बतजो काम ख़यालों में भी सोचे नहीं इंसानवो काम भी इंसान से करवाए मोहब्बतजिस तरह मोहब्बत मेरी ठुकराई है तू नेइस तरह तेरी भी कोई ठुकराए मोहब्बतऐ सैफ़ वही शख़्स ख़सारे में नहीं हैजिस को ख़ुदा की ज़ात से हो जाए मोहब्बत— Saif Dehlvi