अना-परस्त हूँ फिर भी ख़रीद सकता हूँ

तिरे लिए मैं बुलंदी ख़रीद सकता हूँ

मैं तेरे सर के लिए ताज तो नहीं लेकिन
मैं तेरे पाँव की जूती ख़रीद सकता हूँ

मैं चाहता हूँ तिरे साथ भीगूँ बारिश में
नहीं तो यार मैं छतरी ख़रीद सकता हूँ

सुपुर्द कर के तिरे होंठ को हँसी यकसर
मैं तेरी आँख का पानी ख़रीद सकता हूँ

ये कहता है बड़ी मा'सूमियत से इक बच्चा
खिलौना अच्छा है! अम्मी ख़रीद सकता हूँ

मुझे पसंद है हक़ बात की अदा वरना
फ़रेब दे के तसल्ली ख़रीद सकता हूँ

किसी को कुछ भी बताना फ़ुज़ूल है मेरा
वो जानता है मैं जो भी ख़रीद सकता हूँ

किसी गरीब से शीशा ख़रीद कर 'आसिफ़'
मैं अपने आप का सानी ख़रीद सकता हूँ

— Aasif Munawwar

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