तुम पास नहीं लेकिन तस्वीर तुम्हारी है
हर शाम इन आँखों ने नम हो के गुज़ारी है
दिल भीगता रहता है उम्मीद की बारिश में
इस इश्क़ में जान-ए-जाँ पल-पल यूँ ख़ुमारी है
अब चाँद सितारों से गुफ़्तार हुई मुश्किल
तन्हाई के रस्ते पर ख़ामोश सवारी है
तहरीर मेरी आख़िर तस्कीन नहीं देती
इक अश्क 'अमन' दिल का अल्फ़ाज़ पे भारी है
— Aman Alfaaz















