तमामरू-ए-ज़मींपरसुकूतछायाथा
नुज़ूलकैसीक़यामतकाहोनेवालाथा
यहाँतोआगउगलतीहैयेज़मींहरसू
वोएकअब्रकापाराकहाँपेबरसाथा
बसएकबारहुआथावजूदकाएहसास
बसएकबारदरीचेसेउसनेझाँकाथा
अभीडसानगयाथायेजिस्मतपताहुआ
अभीख़ज़ीना-ए-मख़्फ़ीपेसाँपसोयाथा
सफ़रमेंसरपेतिरीधुनतोथीसवारमगर
निगाहमेंकोईमंज़िलनकोईरस्ताथा
येक़तराबहर-ए-मआनीहैमौजज़नजिसमें
क़लमकीनोकसेपहलेकभीनटपकाथा