बारिशों बा'द
बारिशों बा'द तुम्हारी धुली धुली ख़ुशबू
किसी ने आज सजाया है तुम को रंगों में
आसमानों में परिंदों की आवा-जाही
बहुत मसरूफ़ बादलों के बा'द
आसमानी रंगों में
तुम एक वा'दा हो
मैं ने निभाया है तुम्हें
बारिशों बा'द तुम्हारी
— Sarul
बारिशों बा'द तुम्हारी धुली धुली ख़ुशबू
किसी ने आज सजाया है तुम को रंगों में
आसमानों में परिंदों की आवा-जाही
बहुत मसरूफ़ बादलों के बा'द
आसमानी रंगों में
तुम एक वा'दा हो
मैं ने निभाया है तुम्हें
बारिशों बा'द तुम्हारी
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