एक लड़की थी जो हर दुख जान लेती थीमैं जो कहता था वो ही सच मान लेती थीउस के जाने से दुखी क्यूँ हो रहा हूँ मैंवो तो वो ही करती थी जो ठान लेती थी— Sumit Yadav