दर्द को समझा के थोड़ा और क़ाबिल सा बनाया
टूट जाने वाले रिश्ते को भी ऐसे था निभाया
रास्ता अंधे को हर कोई दिखाता है यहाँ पर
रास्ता अंधा समझने वालों को हमने दिखाया
रूठ ने का ढोंग करने में मज़ा आता उसे और
सच में रूठा मान कर हमने उसे हर दिन मनाया
अब मुझे भी जाना है परदेस में थोड़ा कमाने
जानना था आपने घर छोड़ कर क्या क्या गँवाया
छाप रखकर इंडिया की चाँद पर वैज्ञानिकों ने
आज के दिन और इक इतिहास इसरो ने रचाया
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