tha ibtida se 'ishq ke diye jalane vaala main | था इब्तिदास 'इश्क़ के दिये जलाने वाला मैं

  - Hasan Raqim

था इब्तिदास 'इश्क़ के दिये जलाने वाला मैं
हुआ हूँ ख़ुद ही इनकी रौशनी बुझाने वाला मैं

मुझे फ़क़त उसी से 'इश्क़ है ये सच तो है मगर
उसे बता के उसका दिल नहीं दुखाने वाला मैं

मैं सब सेे रूठ जाऊँ तो मुझे मनाने वाला वो
वो सब सेे रूठ जाए तो उसे मनाने वाला मैं

मैं आज उस सेे आख़िरी दफ़ा मिला तो ये लगा
बहुत ग़लत था उस सेे दूरियाँ बढ़ाने वाला मैं

तो कह सकूँगा, ज़िंदगी उसूलों पर गुज़र गई
कभी जो बन सकूँगा उसके काम आने वाला मैं

  - Hasan Raqim

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