सभी ज़िल्लत उठाते हम रहेंगेमोहब्बत पर निभाते हम रहेंगेख़ुशी पूछोगे हम से जो हमारीतराने ग़म के गाते हम रहेंगेन रोने की क़सम तू दे गई येवजह है मुस्कुराते हम रहेंगेतेरे नज़दीक ऐसे आ रहे हैंकि तुझ से दूर जाते हम रहेंगेतुझे मुझ को हराना है हरा फिरतुझे ख़ुद से जिताते हम रहेंगे— Manoj Devdutt