उस की दीवार पे तस्वीर बना रक्खी थीमैं ने ख़ुद पाँव की ज़ंजीर बना रक्खी थीलिखते रहने से मेरा ख़ून निकल आया थाउस ने काग़ज़ पे भी शमशीर बना रक्खी थी— Saahir