raat bhar jaane kisi kii arziyaan aati rahi hain | रात भर जाने किसी की अर्ज़ियाँ आती रही हैं

  - Anubhav Gurjar
रातभरजानेकिसीकीअर्ज़ियाँआतीरहीहैं
इसलिएमुझकोबहुतसीहिचकियाँआतीरहीहैं
मैंअकेलाबैठकरतुमकोभुलानाचाहताथा
येहुआहैरातभरबससिसकियाँआतीरहीहैं
अबकेगर्मीयेशरारतसंगमेरेहोरहीहै
यादनानीघरबिताईंछुट्टियाँआतीरहीहैं
मननहींलगतायहाँइसचीख़तीदिल्लीमेंमेरा
दमघुटेजबयादमाँकीलोरियाँआतीरहीहैं
एकदिनतालालगाकरबंदख़ुदकोकरलियाथा
खोलनेतालेकोख़ुदहीचाबियाँआतीरहीहैं
मुद्दतोंकेबा'दकमरेसेनिकलनाजबहुआहै
साथमेरेपीछे-पीछेखिड़कियाँआतीरहीहैं
आएहैंबाज़ारसन्नाटासमेटेलौटतेखन
संगमेरेख़ुद-ब-ख़ुदहीरस्सियाँआतीरहीहैं
देखआओहाथउसकेवोकहींपीलेनहींहों
इसमहीनेगाँवमेंभीशादियाँआतीरहीहैं
इकतुम्हारेख़तकेख़ातिरमैंजानेक्यूँँरुकाहूँ
याँमुझेऔरोंकीतोहदचिट्ठियाँआतीरहीहैं
सालभरउसकेलिएकुछलिखनहींपायायेसुनकर
काटनेकोहाथमेरेक़ैचियाँआतीरहीहैं
सिरझुकानेजबसेमंदिरकीकोईचौखटदेखी
सोतभीसेकाममेंआसानियाँआतीरहीहैं
कुछदरिंदोंकीबदौलतदेशकीऔरतदबीहै
देखलोबेटोंसेआगेबेटियाँआतीरहीहैं
  - Anubhav Gurjar
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