mirii mayyat pe aa kar geet gaana hai | मिरी मय्यत पे आ कर गीत गाना है

  - SAAGAR SINGH RAJPUT
मिरीमय्यतपेकरगीतगानाहै
जनाज़ेपेमिरेहँसकरदिखानाहै
मिरीतूजानहैसबजानजाएँगे
तुझेबसपासकरमुस्कुरानाहै
यहीकहतारहाहूँमैंहमेशासे
कभीमरतानहींवोजोदिवानाहै
सुनोसबकीकरोदिलकीसबक़यारो
मुझेहैसीखनासबकोसिखानाहै
अमीरोंबातइतनीबसबतादोतुम
ग़रीबोंकोअभीकबतकसतानाहै
सभीबर्बादहोतेहैंमुहब्बतमें
मुझेतुमकोमिरेयारोबचानाहै
बड़ाहीनेकलड़काहैतुम्हाराये
शरीफ़ोंघरमिरेकरबतानाहै
मुझेजोलोगकहतेहैंबुराउनसेे
ज़रापूछोकिक्याअच्छाज़मानाहै
कभीपूछोसभीमिलकरदिवानेसे
दिवानाबे-वफ़ाकाक्यूँँदिवानाहै
अभीमेंढकज़राटर-टरकरेंगेसब
अभीबरसातकामौसमसुहानाहै
समझपाएनहींतुमचालदुनियाकी
इसेभाईसेबसभाईलड़ानाहै
भाईसेलड़ूँगाभूलकरकेभी
यहीवा'दामुझेहर-दमनिभानाहै
मिरादुश्मननहींयेजानताउसको
बग़ावतमेंख़साराभीउठानाहै
मुझेमालूमहैअच्छीतरहसेये
मिरेदुश्मनतुझेकैसेहरानाहै
कमायाहैअभीतकनामबसमैंने
अभीयारोमुझेदौलतकमानाहै
हँसीकासीखलेनापाठपहलेख़ुद
किसीरोतेहुएकोगरहँसानाहै
रुलायाहैमुझेजिसनेमुहब्बतमें
मुहब्बतमेंमुझेउसकोहँसानाहै
नहींलूँगाकभीभीनाममैंतेरा
तुझेबदनामहोनेसेबचानाहै
मुहब्बतमेंतिरीमैंलुटगयाजानाँ
मुझेता-उम्रयेसबसेछुपानाहै
वफ़ातुझमेंज़रासीभीनहींहैपर
तिरा'सागर'तिराफिरभीदिवानाहै
  - SAAGAR SINGH RAJPUT
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