हर ग़लत काम पे हो टोकने वाला कोई
चाहते हम भी हैं, हो चाहने वाला कोई
मैं तेरे बारे में जब सोचता हूँ, लगता है
मेरे बारे में भी है सोचने वाला कोई
फिर भला ट्रेन से हम हाथ हिलाते किस को
साथ आया ही न था, छोड़ने वाला कोई
फूटकर मैं भी बहुत रोता अगर मिलता मुझे
अश्क आँखों से मेरी पोंछने वाला कोई
— Arvind Asar















