दरिया-ए-फ़िक्र-ए-नौकीरवानीमेंगिरगया
सूरजफिसलकेबर्फ़केपानीमेंगिरगया
जिसनेछुआथामिसरा-ए-अव्वलमेंआसमान
वोशे'रआकेमिस्रा-ए-सानीमेंगिरगया
गंगामेंबहतीराखहैइसबातकीगवाह
बरगदकापेड़टूटकेपानीमेंगिरगया
रहज़ननेकुछतोलूटलियारख़्त-ए-ज़िंदगी
जोकुछबचाथानक़्ल-ए-मकानीमेंगिरगया
नज़लज़लाकोईनकोईऔरसानेहा
ऐवान-ए-रब्ततल्ख़-बयानीमेंगिरगया
जिसआइनेमेंदेखकेसजतीथींतितलियाँ
वोआइनाभीबाद-ए-ख़िज़ानीमेंगिरगया