ज़ेहनकाकुछमुंतशिरतोहालकाख़स्तारहा
कितनामेरीज़ातसेवोशख़्सवाबस्तारहा
सुब्ह-ए-काज़िबरौशनीकेजालमेंआनेलगी
सीम-गूँसूरजउजालेपरकमर-बस्तारहा
देखनेमेंकुछहूँमैंमहसूसकरनेमेंहूँकुछ
चश्म-ए-बीनापरमिरायेराज़सर-बस्तारहा
अपनेज़िंदाँसेनिकलनाअपनीताक़तमेंनहीं
हरबशरअपनेलिएज़ंजीरपा-बस्तारहा
पुर्सिश-ए-ग़ममेंनमुझसेहीमहज़उजलतहुई
उसकीआँखोंकाछलकपड़नाभीबरजस्तारहा
अपनेअंदरकीख़लिशकाकरलियामैंनेइलाज
मेरेदिलमेंदूसरोंकादर्दपैवस्तारहा
यामसाइलसेतक़ाबुलज़िंदगीसेयाफ़रार
बचनिकलनेकावहाँसेएकहीरस्तारहा