गीत के ख़्वाब या ख़्वाब के गीत होप्रेम हो तुम मेरे याकि तुम प्रीत होतार बज ही उठे जब छुआ दिल मेराजो अनोखा लगे तुम वो संगीत हो— Manish Yadav