काँटेहीकाँटेहैंता-हद्द-ए-नज़र
फिरभीताज़ाहैमिराअज़्म-ए-सफ़र
रहज़नोंकीरहनुमाईदेखकर
आजथर्रातीहैइकइकरहगुज़ार
ढोरहेहोकिसलिएपत्थरकाबोझ
होगएमिस्मारसबशीशेकेघर
चलिएवीरानोंमेंबसनेकेलिए
शहरतोबर्बादियोंकेहैंखंडर
आगईसुब्ह-ए-तरबतोक्याहुआ
सूनासूनाहैमिरेदिलकानगर
जिनसेहोताहैफ़रोग़-ए-आज़री
आहवोकिसकामकेइल्म-ओ-हुनर
कामरानीपाँवचूमेगी'कमाल'
देखिएग़ैरोंकादामनछोड़कर