"मैं तुम्हें ढूँडता रहा"

दिल के वीराने में प्यार के अफ़साने में
झील के पानी में ख़्वाब की रवानी में
फूलों की महक में बयार की लहक में
मैं तुम्हें ढूँडता रहा
या'नी कि गैर से
निज का पता पूछता रहा
मैं तुम्हें ढूँडता रहा

— RAJDIP KOTA

Dil Shayari

Shers of dil.

All Dil Shayari poetry →

Similar writers

Voices in the same orbit

Browse by mood

Poetry by feeling