हमारे पास अपने मन का आईना नहीं होता
ये फ़िल्टर वाली भी तस्वीर तब धोखा नहीं होता
सिया के राम, जय श्री राम सबके अपने अपने राम
सियासत राम को लेकर करे अच्छा नहीं होता
बनाया मिल के हमने लोकशाही में था इक राजा
मगर हो लोकशाही फिर कोई राजा नहीं होता
बड़े अच्छे ही हैं सारे सियासत कर रहे हैं वो
न जाने क्यूँ सियासत में कोई अपना नहीं होता
दिखावा भी पड़ेगा करना अब ये लोकशाही में
मिलेंगे वोट करके काम अब ऐसा नहीं होता
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