इशारों ही इशारों में कोई मुझे हसीन बात कह गयामैं तो चला गया था पर ये दिल यहीं पे रह गयाये आशिक़ी है दोस्त और इस का ये मिज़ाज हैजो रह गया वो रह गया जो ढह गया वो ढह गया— Saahir