कह दो जो मुझसे कोई शिकायत है आपको
हर बात बोलने की इजाज़त है आपको
हर उस बशर से हमको मोहब्बत है बा-ख़ुदा
दुनिया में जिस बशर से मोहब्बत है आपको
महफूज़ रखना ख़ुद को मोहब्बत के मर्ज़ से
ये नौजवानों मेरी हिदायत है आपको
पूछा जो गुल से चूम लूँ मैं पत्तियाँ तेरी
गुल मुस्कुरा के बोला इजाज़त है आपको
शाने पे रख के हाथ ये कहने लगा 'शजर'
ग़म में भी मुस्कुराने की आदत है आपको
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