ek hi hai rastaa meraa bas aur ik hi manzil hai | एक ही है रस्ता मेरा बस और इक ही मंज़िल है

  - BR SUDHAKAR

एक ही है रस्ता मेरा बस और इक ही मंज़िल है
एक ही है मेरे फोन में नंबर जिसके आगे दिल है

इक लड़की को दोस्त समझ के कुछ भी कह देता हूँ
और इक लड़की से कुछ भी कह पाना बड़ा मुश्किल है

उसको पकड़ लेना, गर दिल की चोरी वोरी हो तो
एक ही शख़्स है इस दुनिया में जो इतना काबिल है

ये मुमकिन नईं है जंगल में कोई डेरा डाले
ये मुमकिन नईं है कोई मेरे दिल को समझेगा दिल है

इतनी आसानी से प्यार नहीं है नसीब में उसका
जितनी आसानी से वो ख़ुद भी होता हासिल है

  - BR SUDHAKAR

Justaju Shayari

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