वोआजलौटभीआएतोइससेक्याहोगा
अबउसनिगाहकापत्थरसेसामनाहोगा
ज़मींकेज़ख़्मसमुंदरतोभरनपाएगा
येकामदीदा-ए-तरतुझकोसौंपनाहोगा
हज़ारनेज़ेउधरऔरमैंइधरतन्हा
मिरीशिकस्तकाउनवाँहीदूसराहोगा
जोतेज़धूपमेंसायोंकीफ़स्लबोतेहैं
यहाँकीआबओहवाकाउन्हेंपताहोगा
मैंऔरएकक़दमउसकीसम्तबढ़जाता
पतानथाकिवोइतनागुरेज़-पाहोगा
मिरायक़ींहैकिराह-ए-वफ़ामेंमेरेब'अद
मिरासफ़रतिरेक़दमोंनेतयकियाहोगा