जितना सबका पहरा होगा
उतना रिश्ता गहरा होगा
तुम से मेरी, शादी होगी
सर पर मेरे, सहरा होगा
घर में इतनी रौनक होगी
हर लम्हा ही, ठहरा होगा
डी जे इतना तेज़ बजेगा
सुनने वाला, बहरा होगा
जन्नत से भी ज़्यादा अच्छा
हम दोनों का, कमरा होगा
— Sandeep Gandhi Nehal
उतना रिश्ता गहरा होगा
तुम से मेरी, शादी होगी
सर पर मेरे, सहरा होगा
घर में इतनी रौनक होगी
हर लम्हा ही, ठहरा होगा
डी जे इतना तेज़ बजेगा
सुनने वाला, बहरा होगा
जन्नत से भी ज़्यादा अच्छा
हम दोनों का, कमरा होगा
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