जानते हैं उदास रहते हैं
आइने ख़ुद शनास रहते हैं
हम हैं सहरा परस्त लोगों में
और दरिया के पास रहते हैं
तेरा चेहरा है और मेरी आँखें
क़ैद पंछी उदास रहते हैं
— Ritika reet
आइने ख़ुद शनास रहते हैं
हम हैं सहरा परस्त लोगों में
और दरिया के पास रहते हैं
तेरा चेहरा है और मेरी आँखें
क़ैद पंछी उदास रहते हैं
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