शहरकोछोड़दोऔरगाँवकोजाओतुमभी
इसतअ'ल्लुक़केतकल्लुफ़कोउठाओतुमभी
आगजंगलमेंभड़कजाएगीकलशामतलक
आजबादलकोअदाओंसेलुभाओतुमभी
दूसरेचेहरेमुझेकमहैंरिफ़ाक़तकेलिए
मेरीख़ातिरकोईचेहरातोसजाओतुमभी
मैंकहींसब्ज़ा-ए-ख़ुद-रौकीतरहउगआऊँ
औरवहींफूलकीसूरतनिकलआओतुमभी
मेरेहाथोंमेंतिरेनामकीकोईरेखा
तेरेहाथोंमेंनआईहोदिखाओतुमभी
चाँदकोरोकदियामैंनेइनहाथोंमें'सुहैल'
तुममुझेरोकलोजादूयेदिखाओतुमभी