ख़बरपहुँचीउन्हेंभीकबबहार-ए-हश्र-सामाँकी
फ़ज़ामेंधज्जियाँजबउड़चुकींजैब-ओ-गरेबाँकी
उन्हेंउलझादियाकितनाकिसीकेदस्त-ए-वहशतने
परेशानीपतादेतीहैयेज़ुल्फ़-ए-परेशाँकी
वोहुस्न-ए-आफ़त-ए-दींअबनईसज-धजसेनिकलाहै
इलाहीख़ैरतक़्वाकीइलाहीख़ैरईमाँकी
नपहुँचाउनकेदामनतकतोमिलजाएगामिट्टीमें
इलाहीआबरूरखलेसरिश्क-ए-चश्म-ए-गिर्यांकी
मज़ाक़-ए-नर्महोकुछभीउसेअपनीहीधुनप्यारी
भलाइसदौरमेंक्याक़दरहोऐसेग़ज़ल-ख़्वाँकी
उलझतेहैंअगरकाँटेतो'आरिफ़'तुमउलझनेदो
जुनूँमेंफ़िक्रहीक्यूँहोक़बाकेजेब-ओ-दामाँकी