हम से कहा नहीं मगर फिर भी ख़बर ये हो गई

बात ही करते करते तू आज भी फिर से सो गई

अब तो ज़रा सी बात भी उस से सुनी गई नहीं
कुछ जो बुरा कहा उसे तो वो तो सुनके रो गई

अब के किया जो कॉल तो चुप थी वो बात बात पर
इतने दिनों के बा'द आवाज़ ही सुनके खो गई

तुम ने ख़ुशी से मान ली ग़ैरों की ही ये दोस्ती
फिर ये न हम से बोलना भूल ये हम से हो गई

— Toyesh prakash

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Bekhabri Shayari

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