सब कुछ मिलना भी मुश्किल है

और सब कुछ में तू शामिल है

इक ये दुख कश्ती टूटी है
उस पर दूर बहुत साहिल है

नूर बहुत है उस लड़के में
जिस को तू पूरा हासिल है

मेरा क्या मैं दुख सह लूँगा
पर तू ख़ुशियों के क़ाबिल है

— Ravi 'VEER'

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Jalwa Shayari

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