हट के सब सेे सोचता है
या'नी बिल्कुल सर-फिरा है
कुछ अलग करने से ही तो
आता जीवन में मज़ा है
अंत में होता वही है
भाग्य में जो कुछ लिखा है
इश्क़ के दरिया में सब को
एक दिन तो डूबना है
जीत उस की तय है 'अक्षर'
पास जिस के हौसला है
— Adarsh Akshar
या'नी बिल्कुल सर-फिरा है
कुछ अलग करने से ही तो
आता जीवन में मज़ा है
अंत में होता वही है
भाग्य में जो कुछ लिखा है
इश्क़ के दरिया में सब को
एक दिन तो डूबना है
जीत उस की तय है 'अक्षर'
पास जिस के हौसला है
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