काश मैं ये कमाल कर जातातेरे दिल से भी मैं उतर जातादेख लेते अगर वो मेरी तरफ़जाम ख़ाली था मेरा भर जातातू अगर करती रहनुमाई मेरीतू जिधर जाती मैं उधर जातादेख कर मेरे दिल के ज़ख़्मों कोमैं तो ज़िंदा हूँ वो तो मर जाता— Gulshan