wahi maqbool lider aur diplomat hota hai | वही मक़्बूल लीडर और डिप्लोमैट होता है

  - Sarfaraz Shahid

वही मक़्बूल लीडर और डिप्लोमैट होता है
जो मुँह से दिस कहे तो उस का मतलब दैट होता है

अवामुन्नास को ऐसे दबोचा है गिरानी ने
कि जैसे कैट के पंजे में कोई रैट होता है

फ़राग़त ही नहीं मिलती बड़े-साहिब को मीटिंग से
वो मीटिंग जिस का एजंडा फ़क़त चुप-चैट होता है

क्रिकेटर बाज़ इस अंदाज़ से छका लगाते हैं
ज़मीन पर गेंद होती है फ़ज़ा में बैट होता है

यक़ीनन हो गया है माडर्न अपना घराना भी
जहाँ पर कैप होती थी वहाँ अब हैट होता है

यही देखा है 'शाहिद' तीसरी दुनिया के मुल्कों में
कि अक्सर क़ौम पतली और लीडर फैट होता है

  - Sarfaraz Shahid

Duniya Shayari

Our suggestion based on your choice

More by Sarfaraz Shahid

As you were reading Shayari by Sarfaraz Shahid

Similar Writers

our suggestion based on Sarfaraz Shahid

Similar Moods

As you were reading Duniya Shayari Shayari