नहोआरज़ूकुछयहीआरज़ूहै
फ़क़तमैंहीमैंहूँतोफिरतूहीतूहै
नयेहैनवोहैनमैंहूँनतूहै
हज़ारोंतसव्वुरऔरइकआरज़ूहै
नउम्मीदझूटीनकुछयाससच्ची
नहींजोकहींभीवहीचार-सूहै
किसेढूँढ़तेहैंयहीढूँढ़तेहैं
यहीजुस्तुजूहैअगरजुस्तुजूहै
जगाएगाकिसतरहशोर-ए-क़यामत
ख़मोशीसेनाचारहरगुफ़्तुगूहै
ख़ुदीभीहमारीख़ुदाईसही
वहीहम-नशींहैवहीदू-ब-दूहै
मगरदशनाथासाया-ए-ज़ुल्फ़-ए-साक़ी
किजोज़ख़्महैसाग़र-ए-मुश्क-बूहै